XXX Kahani इस रात की सुबह नही
09-13-2017, 11:02 AM,
#1
XXX Kahani इस रात की सुबह नही
इस रात की सुबह नही


आज के दिन का ज़रूर मेरी जिंदगी से कोई गहरा नाता है …….दो साल पहले यही दिन था जब मैने पहली बार किसी स्त्री को नग्न देखा था …..वो भी जबरदस्त ढंग से चुद्ते ….लाइव! …..आज फिर से देखने का मौका मिल सकता है ….

मैं बड़ी दीदी अनिता ओर राजन जीजाजी के घर उनके मुन्ने को देखने मम्मी के साथ आया हुआ हूँ …..

मैने दीदी के बगल वाला कमरा लिया है ……. मेरे ओर दीदी के कमरे के बीच इंटरकॅनेकटिड दरवाजे के उपर शीशे वाले पोर्षन मे दीदी के कमरे की तरफ से ही टॉम & जेर्री की तस्वीर वाला पेपर चिपका हुआ है ……. मैने मौका देखकर टॉम की दोनो आँखो के पेपर खरोंच दिया है …..अब कुर्सी लगाकर मेरे कमरे से दीदी के कमरे का लगभग हर हिस्सा टॉम की आँखो से दिख रहा है ………..

छोटी दीदी सुनीता की शादी की रात …….बारिश आने के पूरे आसार थे …..
एक बजे जब शादी समाप्त हुई तो बूँदा-बाँदी शुरू हो चुकी थी ….दूल्हा –दुल्हन को सुहागकक्ष मे भेज दिया गया ओर सारे लोग अपने सोने के लिए जगह ढूढ़ने लगे …..

बुआजी पिछली तीन रातों की तरह कोमल भाभी के घर निकली …… आज छत पर तो सोया नही जा सकता ……मैने स्टोररूम मे देखा , थोड़े अड्जस्टमेंट से एक बिस्तर वहाँ लगाया जा सकता था …..

तभी मा मुझे देखते ही बोली …तू बुआ को पहुँचाने नही गया ?, कोमल का घर दूर है ओर बारिश होने वाली है … जल्दी से उनके पीछे जा ...

मैं बाहर निकला …..वी शेप वाले गाँव के अंदर का रास्ता काफ़ी लंबा था परंतु शॉर्टकट वाले सीधे रास्ते मे खेतों से होकर गुज़रना पड़ता था …… तेज बिजली चमक रही थी ……मैने आगे तीन चार अज्नबियो को खेतों की ओर जाते हुए देखा ….शायद बाराती थे ओर टाय्लेट के लिए उधर खेतों की तरफ जा रहे थे……

मैं भी उसी रास्ते पर बढ़ रहा था क्योंकि शॉर्टकट यही था ……थोड़ी देर मे वो लोग अंधेरे मे ओझल हो गये ……….तभी तेज बारिश शुरू हो गयी ….मैं तुरंत एक बड़े पेड़ के नीचे रुका ……. ……रुक रुक कर चमक रही बिजली मे पगडंडी से सटे पुराने स्कूल के खंडहर के बरामदे मे मुझे कोमल भाभी ओर बुआ की झलक दिखाई पड़ी …..मैने चैन की साँस ली …….

दस मिनट बाद वो दोनो मुझे कहीं नज़र नही आई …..कहाँ चली गयी? मैं बड़बड़ाया ओर उसी तेज बारिश मे मैं खंडहर की तरफ बढ़ने लगा ……….स्कूल के अहाते मे पहुँचते ही मेरे कदम ठिठक गये ……अंदर से भाभी ओर बुआ की कराहने की आवाज़ आ रही थी ……मैं अंदर की ओर लपका …..टूटी खिड़की से जैसे ही मैने अंदर झांका , मैं सन्न रह गया ……..


वही चार अजनबी बाराती , जिन्हे मैने आगे खेतों की ओर जाते देखा था , दो- दो के गुट मे भाभी ओर बुआ को दबोचे हुए थे……

..बुआ बिकुल नंगी अपने ही साड़ी पर लेटी थी ….एक आदमी अपना लंड निकालकर उनके मुँह मे ठूँसा हुआ था ओर दूसरा उनकी जांघों के बीच बैठकर उन्हे ज़ोर ज़ोर से चोद रहा था ….बुआ भी अपनी कमर उचकाकर उसका साथ दे रही थी …..यानी अपनी बेरहम चुदाई को एंजाय कर रही थी ……

इधर कोमल भाभी की भी साड़ी खुलकर नीचे पड़ी थी ….. उनके ब्लाउज के सारे बटन टूट चुके थे ऑर पीछेवाला आदमी खड़े खड़े उनकी ब्रा उपर कर उनकी चुचियों को बेरहमी से मसल रहा था …..दूसरा आदमी उनकी पेटिकोट के गॅप वाली जगह से फाड़कर उनके सामने घुटनो के बल बैठकर उनकी बुर को कुत्ते की तरह चाट रहा था ………भाभी उसका सर अपनी बुर पर दबाती हुई मस्ती मे सीसीया रही थी ….यानी वो भी एंजाय कर रही थी …….

उन अज्नबियो के साथ मारपीट करना फ़िजूल था ……वैसे भी भाभी ओर बुआ को नंगी देखकर मेरा लंड तंबू बन चुका था ……मैने उसे आज़ाद कर अपने हाथो से सहलाते हुए भाभी ओर बुआ को चुद्ते हुए देखने लगा …….. तभी उस आदमी ने उठकर भाभी के पैरों को फैलाकर अपना फंफनाता लंड भाभी की बुर मे पेल दिया …..

आहह……………भाभी की सिसकारी गूँजी

उधर बुआ को चोदने वाला आदमी झाड़ चुका था …….दूसरा आदमी बुआ को कुतिया बनाकर पीछे से पेल रहा था …… इधर भाभी की गांद मे भी दूसरे ने अपना लंड डाल दिया था ओर उनको सॅंडबिच बनाकर खड़े खड़े दोनो तरफ़ से पेल रहा था …….

अंदर बुआ ओर भाभी की कामुक कराहट फैली थी …….

कोमल भाभी को तीन लोगों ने जबकि बुआ को दो लोगों ने बारी बारी पेला …….लेकिन सारे फिसड्डी निकले ….बीस मिनट मे ही सारा कार्यक्रम समाप्त हो गया …. मैं भी झाड़ चुका था ……..

सारे अजनबी भाग गये …….तभी बुआ साड़ी लपेटती हुई फुस्फुसाइ ……. कुत्तो ने सारे कपड़े खराब कर दिए और ठीक से मज़ा भी नही दिया

इस मामले मे अनिता बहुत भाग्यशाली है ……भाभी बोली

क्या कहती हो ? क्या उसके साथ भी ऐसा ??……..बुआ उत्सुकतावश पूछी

नही बुआ ,…………वो राजन जीजाजी का बहुत तगड़ा है ना ….बिल्कुल घोड़े की माफिक ……

सच मे ?….बुआ आश्चर्यमिश्रित स्वर मे बोली …….तुमने लिया है ??

हां बुआ,……मुझे तो दो लोगों से एक साथ चुद्कर भी उतना मज़ा नही आया …..जितना अकेले जीजाजी के साथ ……………………

दोनो अब पगडंडी पर पहुँच गयी
मैं जीजाजी के बारे सोचते हुए वापिस लौटने लगा ………………

घर पहुँचकर देखा तो सारे लोग अपना जगह पकड़ चुके थे …..स्टोररूम मे भी मेरी चुनी हुई जगह पर बिस्तर लगा था ……जो भी था शायद बाथरूम( जो स्टोररूम के ठीक सामने था) गया था….. कमरे मे ज़ीरो वॉट का बल्ब जल रहा था ओर पंखा चल रहा था ……..मैने इधर –उधर देखा ……..खिड़की खुली थी लेकिन हवा नही आ रही थी क्योंकि सामने एक दीवाल से दूसरी दीवाल तक रस्सी बँधा पड़ा था जिसपर ढेर सारे कपड़े टँगे पड़े थे ……मैं कपड़े हटाने के लिए आगे बढ़ा तो देखा वहाँ एक बेंच पड़ा था जिसपर दो बोरियाँ रखी थी ……मेरे सोने का जुगाड़ हो गया …..मैने बोरियाँ उठाकर नीचे रखा ……गद्दे स्टोररूम मे ही पड़े थे ……मैने एक के उपर एक , दो गद्दे डालकर अपने भींगे कपड़े निकाले ओर वहाँ चड्डी मे ही बैठ गया ……खिड़की से ठंडी हवा आ रही थी …….


मैं चुपचाप वही सो गया ….फिर चूड़ियों की आवाज़ से ही मेरा नींद खुला ………घड़ी देखा ….चार बज रहे थे …… मैं रस्सी पर टँगे कपड़ो के बीच से झाँका …….

मेरी सिसकारी निकलते निकलते रह गया ……….

दुल्हन के कपड़ों मे सजी सुनीता दीदी सामने दीवाल से चिपकी खड़ी थी …..जीजाजी उनको दीवाल से सटाये हुए होटो को चूस रहे थे ओर हाथों से दीदी के ब्लाउज के बटन खोल रहे थे ……देखते ही देखते दीदी की चुचियाँ ब्रा से भी आज़ाद होकर बाहर उछल पड़ी ……… मस्त मांसल चुचियों के बीच निपल प्रत्यक्ष मे खड़े अपने मर्दन का इंतजार कर रहे थे ………जीजाजी उसे मसलने लगे ……. फिर झुककर उसे चूसने लगे …… दीदी अपना हाथ नीचे कर जीजाजी के लंड को मुठिया रही थी…….जीजाजी और झुके ओर दीदी की साड़ी –पेटिकोट को उठाकर दीदी के हाथ मे पकड़ा दिया ओर खुद घुटने के बल बैठकर दीदी की पैंटी को निकाल दिया ओर उनकी नंगी बुर् को चाटने लगे …………….

दीदी मचलने लगी …..

आहह…….मेरा दिल धड़ धड़ कर रहा था ………मैं पहली बार पूरे प्रकाश मे खुली बुर देख रहा था ….वो भी अपनी बहन की …..उसकी सुहागरात को ……अपनी पेटिकोट उठाए हुए अपने जीजा से बुर चटवाती हुई …….. मस्ती मे अपने होन्ट काटती हुई ......

फिर दीदी दीवाल से सटे ही बैठ गयी ऑर जीजाजी का लंड अपने मुँह मे लेकर चूसने लगी ……मोटा लंड मुस्किल से उनके मुँह मे समा रहा था ………

तभी जीजा जी ने पूछा ….तुम्हारे पति को कुछ पता चला ?………

नही ……. जीजाजी का लंड मुँह से निकालते हुए दीदी बोली …….एकदम अनाड़ी हैं……..दो शॉट मारा ओर शांत ….जीजाजी मुझे आपकी बहुत याद आएगी …….

घबराओ मत…..मैं हूँ ना …….तुम्हारी उबल्ति चूत को ठंडा करने के लिए …….

फिर जीजाजी ने दीदी को बेड पर चित लिटा दिया ओर उनकी नंगी जाँघो के बीच आकर अपना मूसल बुर के छेद पर भिड़ाकर अंदर ठेलने लगे ……

मेरी साँसे रुकने लगी ……इतना मोटा दीदी की छोटी सी बुर मे जाएगा कैसे ?................आख़िरकार जीजाजी ने अंदर पेल ही दिया ……दीदी की सिसकी कमरे मे गूँजी ……..

इसस्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्सस्स…………………………….

अब जीजाजी ने दीदी को ढकाधक पेलना शुरू किया ……….भींगा लंड बाहर आता ओर कचह…की आवाज़ के साथ अंदर घुस जाता ……….दीदी बेडशीट को ज़ोर से पकड़े थी ……..जीजाजी पेले जा रहे थे …. ओर दीदी अपनी कमर उचकाते हुए चुदवा रही थी……..

मेरा लंड कछे से बाहर निकल्कर लपलापा रहा था , मानो उसे दस वियाग्रा का डोस दे दिया गया हो ………दीदी को चुद्ते देख मैं भी अपना लंड मसल्ने लगा ………….

उधर जीजाजी झाड़ गये , इधर मैं ………

तूफान के गुजरने के बाद दीदी जीजाजी से लिपट कर खूब रोई …….मानो सुबह के बजाय अभी ही उनकी विदाई हो………


सुबह दीदी की विदाई के बाद धीरे धीरे सारे मेहमान भी जाने लगे ….पर बुआ नही गयी ….

आज पूरे दिन बुआ, जीजाजी की खातिरदारी मे ही लगी रही …..कई बार बुआ वेवजह झुककर जीजाजी को अपने हुस्न का दीदार करा चुकी थी ओर साथ मे मुझे भी, क्योंकि आज मेरी नज़र बुआ के इर्द-गिर्द ही घूम रही थी …….

रात को सोने के समय सुहागकक्ष दीदी-जीजाजी को मिला…..ओर मेरा कमरा बाकी सारे लोगो के लिए …..लेकिन बुआ ने एलान किया कि वो काफ़ी थकि है इसलिए अकेली सोएगी ………जीजाजी ने बुआ को स्टोररूम मे जगह के बारे मे बताया ………बुआ स्टोररूम मे बिस्तर लगाकर खाना खाने चली गयी ….

मेरे बारे मे किसी ने सोंचा ही नही ……..मैने चुपचाप पुरानी जगह को चुना ओर लेट गया …..

बुआ आते ही दरवाजा बंद की ओर चित लेट गयी ……फिर उन्होने अपने घुटने मोड़ कर अपनी साड़ी ऑर पेटिकोट नीचे खिसकाई …………

ओह………………बुआ की फूली बुर मेरे आँखो के सामने चमक रही थी ………..

फिर उन्होने एक लंबा बेगन निकाला ओर अपनी मस्तायी बुर मे घुसाने लगी ………

बुआ ने आँखे बंद कर रखी थी ओर उन्ह…इन्ह…..करते हुए पूरे बेगन को अपनी बुर मे घुसेड कर तेज़ी से अंदर बाहर कर रही थी …….वो ऐन्थ्ते हुए झाड़ रही थी …..झड़ने के बाद बेगन फेंककर नंगी ही सो गयी …..

बुआ की ऐसी चुदास देखकर मेरा मन कर रहा था कि जाकर उसपर चढ़कर उनको हचक हचककर चोदु …….पर मन मसोसकर रुका रहा ….अगर कहीं गुस्सा हो जाती तो मैं कहीं का नही रहता ….

एक घंटे बाद बाहर हल्की आवाज़ हुई ….बुआ झट से दरवाजे पर पहुँचकर झिर्री से बाहर झाँकी ओर दरवाजा खोल दिया …..जीजाजी बाथरूम जा रहे थे ….

जमाईजी …..लगता है कोई कीड़ा घुस गया है …..बुआ अपने बदन को खुजलाते हुए बोली …..बहुत तंग कर रहा है ……

जीजाजी अंदर आकर धीमे से बोले …….बेड झाड़ लीजिए बुआजी ….

बुआ झुककर बेड झाड़ने लगी …….उनका हेवी चूतर जीजाजी के जाँघो से टकरा रहा था ……जीजाजी भी माहिर खिलाड़ी थे…… मौका देखा ओर बुआ के पिछवाड़े से सत गये .....

आहह……………….लगता है कीड़ा मेरे कपड़ों मे घुस गया है ……..अपनी चुतडो को जीजाजी के मूसल पर रगड़ती हुई बुआ खड़ी हुई ………

बुआजी …….आप अपने कपड़े खोलकर झाड़ लीजिए ……जीजाजी ने धीमे कहा

दरवाजा तो बंद कर दीजिए, कोई देखेगा तो क्या कहेगा ? …….

जैसे ही जीजाजी दरवाजे की तरफ पलटे ओर दरवाजा बंद किया …….बुआ ने साड़ी खोलकर फेंकी …..ओर खिड़की की तरफ घूमकर , अपना पेटिकोट आगे से जाँघो तक उठाकर झूठमूठ झुक के देखने लगी …………..

जीजाजी बुआ के पास आए ओर उनके पीछे चिपकते हुए बोले …….अच्छा कीड़ा वहाँ घुस गया है …..लाइए मैं मसलकर मार दूं ……ओर अपना हाथ आगे लाकर बुआ की बुर को मुठ्ठी मे भींच लिया ……….

आहह………बुआ सिसकी

जीजाजी अपनी उंगली बुआ के बुर मे पेलकर तेज़ी से अंदर बाहर करने लगे ……..बुआजी , लगता है कीड़े ने आपको गीला कर दिया है ……

हांजी ,…………लेकिन वो ऐसे नही मरेगा …….उसे किसी मोटे डंडे से दबाकर मारिए ……..बुआ हल्की वाय्स मे बोली

अभी लीजिए ……..ये कहते हुए जीजाजी ने बुआ को बेड पर झुका दिया ओर उनका पेटिकोट पीछे से उठाकर अपनी लूँगी खोलकर फन्फनाते मूसल को उनकी पनियाई बुर मे झटके से पेल दिया …..

उईईईई…मा…….मर गयी ………..बुआ हौले से कराही ……लेकिन जीजाजी उनकी कराहट को नज़रअंदाज करते हुए बिना रुके पेलते रहे ………बुआ तकिये को दांतो से दबाए अपनी जिंदगी की सबसे बेरहम दर्द भरी चुदाई का मज़ा लेने लगी ओर जब जीजाजी आधे घंटे बाद झाडे तो बुआ को खड़ा भी नही हुआ जा रहा था …..हान्फ्ते हुए वहीं नंगी लेट गयी ……
-  - 
Reply
09-13-2017, 11:02 AM,
#2
RE: XXX Kahani इस रात की सुबह नही
इस बात को दो साल हो गये …….इस दौरान मैने लाइव चुदाई नही देखी है ……आज शायद मौका मिले …….वैसे अभी मैने अनिता दीदी की बुर तो देखी ही नही …….मैं रात का इंतजार करने लगा …..

रात को मैं टॉम की आँखो से दीदी के कमरे मे झाँका …….

दीदी जीजाजी की तरफ घूमकर बच्चे को सुला रही थी ओर जीजाजी खिड़की ( जो आँगन मे खुलता है ) के पास बिस्तर पर अढ़लेते हुए लॅपटॉप पर पॉर्न मूवी देख रहे थे …….उन्होने लॅपटॉप दीदी की तरफ घुमाया ओर अपना मूसल लूँगी से बाहर निकाल लिया …….

वाहह…..ये तो पहले से भी विकराल लग रहा था ……फिर उन्होने दीदी की नाइटी कमर तक सरका दिया ओर उनकी बुर देखने लगे …..

मुझे दीदी की बुर तो नही दिखी , पर उनकी बड़ी बड़ी गांद की गोलाइयाँ मेरी आँखो के आगे नाचने लगी …….

मुन्ना सो चुका था ……जीजाजी ने इशारा किया …… दीदी ने बच्चे को साइड कर हाथ बढ़ाकर मूसल पकड़ लिया ओर सहलाने लगी ……..फिर धीरे से मुँह मे ले लिया …..

आहह…………जीजाजी के मुँह से निकला ओर वो हाथ बढ़ाकर दीदी की चूतर सहलाते हुए पीछे से बुर मे उंगली करने लगे …….

मुझे कमरे की भरपूर रोशनी मे पहली बार अनिता दीदी की बुर की झलक मिली …..मेरे छोटे उस्ताद ने तुरंत उछलकर सलामी दी ….

तभी मैं चौंका ……मुझे खिड़की के बाहर कोई साया हिलता महसूस हुआ ……कहीं कोई चोर तो नही ?……मेरा खून सूखने लगा …..मैं चिल्लाकर जीजाजी को बता भी नही सकता था …..फिर साया दिखना बंद हो गया …..

इधर जीजाजी दीदी को चित लिटाकर उनके उपर चढ़ चुके थे ओर हुमच हुमचकर चोद रहे थे …..दीदी मस्ती मे कराह रही थी …..फिर जीजाजी रुक गये ओर बोले …..अनु, बच्चे के कारण तुम्हारी बुर थोड़ी फैल गयी है मुझे मज़ा नही आ रहा है…..

लेकिन मुझे बहुत मज़ा आ रहा है , मेरे राजा …….दीदी अपनी बुर उचकाती हुई बोली …. थोड़ी देर ओर …..बस मैं झड़नेवाली हूँ ……….ओर जीजाजी से चिपककर झड़ने लगी ……….

जीजाजी ने अपना लंड निकाल लिया ….रोड की तरह तना हुआ …….दीदी का चूत रस पीकर ओर ख़ूँख़ार लग रहा था ……

अनु , अभी मेरा हुआ नही है …..प्लीज़ आज गांद मारने दो ना ……..

दीदी की जगह मुझे घबराहट होने लगी ……बुर तो ठीक था ….वो होती ही है चुदने के लिए ….लेकिन इतना मोटा लंड गांद की छोटी सी छेद मे कैसे घुसेगा ?.........

परंतु आश्चर्यजनक ढंग से दीदी कुतिया की तरह बनकर अपनी गांद उपर उठा दी ओर लॅपटॉप सामने रखकर चुदाई सीन देखने लगी …….

जीजाजी ने बच्चे की मालिश के लिए रखी तेल की कटोरी से दीदी की गांद के छेद पर तेल डाला ओर फिर अपना लंड गांद की मुहाने पर रखकर ज़ोर लगाने लगे ……लंड अंदर सरकने लगा ……..मैं मुँह बाए देख रहा था …….

तभी तेज हवा के कारण अधखुली खिड़की का पल्ला धाड़ से खुला ओर बंद हो गया ……शायद बाहर आँधी चलने लगी थी ……….

मैं चौंका……..

खिलडी के पल्ले के नीचे कपड़े का एक टुकड़ा फँसा था …..मैने ध्यान से देखा ………वो किसी साड़ी का पल्लू लग रहा था ………..
जीजाजी ने भी अव्वाज के कारण खिड़की की तरफ देखा ……उनके चेहरे पर भी चौकने के भाव आए …….फिर उन्होने हाथ बढ़ाकर कपड़े को पकड़ लिया ओर उसके छोर को उंगली मे लपेट लिया …….फिर आराम से अपना लंड दीदी की गांद मे पेलने लगे ……दीदी की कामुक कराहट कमरे मे गूँज रही थी …….

मैने देखा कि जीजाजी की कपड़े लपेटे उंगली कई बार खींची …..लेकिन जीजाजी कपड़ा छोड़ने को तैयार नही थे ……अब मुझे पक्का विश्वास हो गया कि दूसरी तरफ कोई है …..शायद कोई औरत ….लेकिन कौन ?...........मेरा दिल धड़का ……..मैं टेबल से उतरकर बे-आवाज़ दरवाजा खोला ओर मा के कमरे मे देखा ……दरवाजा खुला था ….मम्मी गायब थी ……..मैं टाय्लेट तक आया ….वो भी खाली था …..आँगनवाला दरवाजा सटा था……लेकिन खुला था ……..टाय्लेट के बाहर वॉशबेसिन के उपर खिड़की से उचक्कर देखा…….मम्मी ही थी ………मेरा दिल बैठने लगा ……मम्मी फँस गयी थी ……


मम्मी अपने पल्लू को ढीला करके खींच रही थी ……उन्हे लग रहा था कि शायद किसी कील मे फँस गया है …..जीजाजी शातीर थे ………मम्मी जितना पल्लू ढीला करती उतना ही वह अंदर खीच जाता ……मम्मी ने आधी साड़ी खोल ली ओर फिर ढीला करके पूरा झटका देकर देखा….इतने मे तो साड़ी फॅट्कर बाहर आ जाती , अगर कील मे फँसी होती …..लेकिन उसे ना बाहर आनी थी ना आई …..

मम्मी परेशान……अंत मे उन्होने अपनी पूरी साड़ी खोली ओर धीरे से खिड़की के अंदर फेंक दिया……अब वह पेटिकोट ओर ब्लाउज मे दीवाल से सटकार गहरी साँसे लेने लगी ……..

तभी मुझे जीजाजी के कमरे के खुलने की आवाज़ सुनाई दी ……मैं झट टाय्लेट मे घुस गया ……

जीजाजी आए ओर उन्होने आँगन के दरवाजे की कुण्डी लगा दी ओर लौट गये ……थोड़ी देर बाद मैं चुपचाप टाय्लेट से निकला ओर अपने कमरे मे दौड़ गया …….डर इतना था कि ख्याल ही नही रहा कि आँगन का दरवाजा खोलता आउ…..

मैं फिर टॉम की आँखो से देखने लगा ………दीदी सो चुकी थी ……….जीजाजी पेग पी रहे थे ओर लॅपटॉप पर पॉर्न देख रहे थे ……..मेच्यूर औरत ओर जवान लड़को की क्लिप्स……..मैं समझ गया कि जीजाजी के मन मे क्या है …..लेकिन मैने मम्मी को बचाने का फ़ैसला कर लिया ….

जैसे ही मैं अपने कमरे से बाहर निकलकर आगे बढ़ा…..दीदी का दरवाजा खुला ……

मैं हड़बड़ाकार सामने मा के कमरे मे घुस गया …….जीजाजी मेरे कमरे तक आए ओर आहिस्ते से दरवाजे की सिटकिनी बाहर से लगा दी ……..फिर सिगरेट सुलगाते हुए आँगन का दरवाजा खोला ओर वहीं खड़े पीने लगे ..…फिर उन्होने आँगन की लाइट जला दी ……अब मम्मी कहाँ छुपति ?........

कौन है वहाँ? ……बाहर से एक डंडा उठाकर उनकी तरफ बढ़ते हुए जीजाजी बोले

मम्मी क्या बोलती ?.............

सासुमा आप यहाँ ?...........ओर इस हालत मे ??

मैं अबतक वॉशबेसिन के पास आकर खिड़की से देखने लगा ……

गर्मी लग रही थी , इसलिए बाहर टहलने चली आई …..अब मुझे अंदर जाने दीजिए दमादज़ी …..धीरे से कहते हुए मम्मी अंदर आना चाही ….

हूँ………..जीजाजी ने रास्ता रोकते हुए कहा …….लगता है गर्मी कुछ ज़्यादा ही लग रही थी …..तभी आपने साड़ी खोलकर इस हालत मे आँगन मे घूमने आ गयी …….

प्लीज़, मुझे जाने दीजिए दामाद जी ……..

लेकिन आपने साड़ी खोलकर फेंकी कहाँ ?

दामाद जी ,आपको शर्म आनी चाहिए ऐसी वाहियात बाते अपनी मा जैसी सास से करते हुए …..मम्मी धीमे से तुनक्कर बोली

अपनी बेटी- दामाद की चुदाइ देखते हुए आपको शर्म नही आई ,….तो मुझे बोलते हुए क्यों ?........जीजाजी ने खुल्लंखुल्ला बोला…….. मैं अभी अनु को जगाता हूँ ओर बताता हूँ कि आपने साड़ी खोलकर कहाँ फेंकी ………..

मम्मी शर्म से पानी पानी हो गयी ….. फिर हौले से बोली …..दमादज़ी ,…..प्लीज़ जाने दीजिए , बात क्यों बढ़ा रहे हैं …ग़लती हो गयी ….

ग़लती हो गयी तो सज़ा भी भुगतिए …..जीजाजी कुटिलता से डंडा लहराते बोले ……डंडे खाने पड़ेंगे ………आगे झुक जाइए ….

मम्मी विवशतावश आगे को झुक गयी …..जीजाजी आगे बढ़े ओर झटके से उनके पेटिकोट का नाडा खींच दिया ………

मेरा दिल धक से रह गया……

मम्मी का पेटिकोट खुलकर ज़मीन पर गिर पड़ा ……….मम्मी तुरंत झुककर पेटिकोट उठाने की कोशिश की , लेकिन जीजाजी ने पेटिकोट पर पैर रख दिया था ….

अपनी नाकाम कोशिश के बाद मम्मी तुरंत दरवाजे की तरफ भागी पर जीजाजी लपककर दरवाजे पर खड़े हो गये …….. मम्मी ब्लाउज मे दीवाल से सटकार अपना बदन छुपाते उकड़ू बैठकर सूबकने लगी……

जीजाजी उनके तरफ बढ़ते हुए बोले ….ये तो ग़लत बात है सासुमा, ……आप मुझे नंगा देख सकती है तो मैं आपको क्यों नही ?………..अगर देखना ही था तो मुझे कहती …..बहुत अच्छे से आपको दिखाता ….

फिर लूँगी खोलकर अपना घोड़े जैसा लंड मम्मी की आँखो के आगे लहराने लगे ……मम्मी नज़र उठाकर भी नही देख रही थी ……. जीजाजी अपना मूसल उनके चेहरे पर रगड़ने लगे , फिर कमर को आगे पीछे करते हुए मम्मी के चेहरे पर ठोकर मारने लगे ……….कुछ देर ऐसा ही चलता रहा ……अचानक, मम्मी ने मुँह खोलकर जीजाजी का हथौड़ा अपने होटो से दबा लिया ओर जंगली बिल्ली की तरह चूसने लगी …….

आहह………….सासुमा आप तो अनु से भी अच्छा चुस्ती हो ………ओर मम्मी का सर पकड़कर उनका मुँह चोदने लगे ……

फिर उन्होने मम्मी को खड़ा किया ……दोनो हाथो से उनके ब्लाउज को बिपरीत दिशा मे खींचकर फाड़ दिया ओर उनके बड़े बड़े पपीते को चूसने लगे ………फिर उनकी जांघे फैलाई ओर थोड़ा झुककर खड़े खड़े अपना दन्दनाता मूसल मम्मी की बुर मे पेल दिया ……..

उसी समय मैं अपने पैंट मे ही झाड़ गया…….

उस रात जीजाजी ने मम्मी की गांद भी बुरी तरह मारी ……

मैं सोंच रहा था जीजाजी ने मेरे घर की सभी औरतों को चोद लिया …..अनैतिक संबंधो की शृंखला …….जिसे मैं रात कह रहा हूँ ……कम से कम इस जनम मे इसकी सुबह नही ……………
-  - 
Reply


Possibly Related Threads...
Thread Author Replies Views Last Post
Thumbs Up Bhabhi ki Chudai लाड़ला देवर पार्ट -2 146 35,366 02-06-2020, 12:22 PM
Last Post:
Star Antarvasna kahani अनौखा समागम अनोखा प्यार 101 182,066 02-04-2020, 07:20 PM
Last Post:
Lightbulb kamukta जंगल की देवी या खूबसूरत डकैत 56 12,959 02-04-2020, 12:28 PM
Last Post:
Thumbs Up Hindi Porn Story द मैजिक मिरर 88 82,958 02-03-2020, 12:58 AM
Last Post:
Star Hindi Porn Stories हाय रे ज़ालिम 930 917,010 01-31-2020, 11:59 PM
Last Post:
Star Adult kahani पाप पुण्य 216 880,992 01-30-2020, 05:55 PM
Last Post:
Star Kamvasna मजा पहली होली का, ससुराल में 42 108,520 01-29-2020, 10:17 PM
Last Post:
Star Antarvasna तूने मेरे जाना,कभी नही जाना 32 113,509 01-28-2020, 08:09 PM
Last Post:
Lightbulb Antarvasna kahani हर ख्वाहिश पूरी की भाभी ने 49 109,667 01-26-2020, 09:50 PM
Last Post:
Star Incest Kahani परिवार(दि फैमिली) 661 1,649,314 01-21-2020, 06:26 PM
Last Post:



Users browsing this thread: 1 Guest(s)
This forum uses MyBB addons.

Online porn video at mobile phone


सेक्स 38साल की मालकिन ने नोकर से चुदायालडकी छडी केसे पहनति हेjangali adiwasi ki chut wali ki chudai ki parampara ki khani hindi menewsexstory com hindi sex stories e0 a4 85 e0 a4 ae e0 a5 8d e0 a4 ae e0 a4 be e0 a4 a8 e0 a5 87 e0नानी ने मम्मी से शादी करवाई सेक्स स्टोरीशेकशी बिडयो सपाना बबि पेशा हैवान फिलमब्लेकमिल करके बहुत chodha स्टोरीbubuskai nippal storiAliabhatt nude south indian actress page 8 sex babaXXXWWWTaarak Mehta Ka sayesha nude image sexsi babagaon ke rassele aam sex kahani by rajsharmaलडकि देखती पर बोलति नहीGirls ki bejajti picbhabhi Jethalal Devrani serial sexpallu girake aunty ne dudh dikhaye chut ko ksaa chuta hawww. चूतमे ऊगलि ढालनेवालि xxx comxxxcom jora daraGjartea.xxnxtanya ravichandran naked sex baba xossip Wassaroom karti huei ladki ki xxx photoमला झवाले मराठी सेक्सी कथाPriyanka chopra new nude playing within pussy page 57 sex babaतंन मंन मूवी xxx hdSurbhi chandna Nude pics sex baba कहानी चुत की गाडं की फेश बुक पर नगीं फोटोShalini ajith sex babakamsin jawani nude selfie pic or khaniyaलडकी की कितने चुत के छेद होते है हिंदी में स्पषट किजिएफिल्म कपड़ा का नंगे फोटो पूरे चूची दिखना चाहिए सनी लियोन कैटरीना कैफ ऐश्वर्या रायneha ki chdai bhude se Hindi sexstori. comaalea ke nage potho land cuth m gustahuaना चाहते हुए मुझे अपनी चुत चुदवानी पङी कहानियाjyoti vahinila zhavle sex कथाघर बना दिया दोस्तों के साथ रंडीखाना हिंदी हिस्टरीxxxx.desi.chudai.ke.bad.panibahat.nikalnshot sex bahini bhai vidiyoगन्ने की मिठास चुदाई कहानीशरीर का जायजा भी अपने हाथों से लिया. अब मैं उसके चूचे, जो कि बहुत बड़े थेमम्मी ने सिखाया लुली की मालिस करनाबियफ सेकसी बडा परदा में दिखाओ ना xxx xxx xxx सेकशि चले वाला दिखानाअपनी बीबी राजश्री को बाॅस से चुदवाया अजीब दास्ताkamuktastories.com/ page 148/Aakhir iccha maa sex storiesvideosexbina badanKarla badalata summa jadardasti sex videoxxx kahani sasur kamina bahu naginaBete ka nasha rajsharmastories Me aur mera baab ka biwi xxx movieमीनाक्षी GIF Baba Xossip NudeHindisexstory motigandwali maa ke 2lund se chudane ke adatlund dalo na maza aa raha hy xxxxxdidi.sexstory.by.rajsharmafake ashi singh Nude Fakes xossipSusar ne seel tori storyकोन लङकि अबि नहि अपनी बुर नहि चोदयी हे उसकि फोटोghar mein Baitha sexypornvideohavuas waif sex chupke dusre ke sathkama nangaikal xossipचोदि चोदा देनगे गोरीsexbaba बहू के चूतड़xxxananyapandeychudaisaharkiTv serial hiroine ankita lokhande naggi codai photoMa ki gili chipchipi panty bathroom me bete ne chati kahaniचाची की लहंगे में घुसकर बुर को चूसा sex storyxxx h d kapade utarti hue mulagi xxxPooja Bose nude south indian actress Pag 1 sex babaआदमी को दिन मे कितनी बार मुठि मारनी चाहिएXxxभईया ने चोदा खेल खेल मे कच्छी फाड़कर गँदी चुदाई कहानीअंकल सेपेपर के बहाने चुदाईपुची बुला Bp hd xnx 85uncle ne meri bibi ki burfad dalilund chusa baji and aapa nechahi na marvi chode dekiea mollika /khawaise hot photo downloadती त्याच्या लिंगावर आरूढ झालेलीwww desi net 52sex.comपिछे से दालने वाला सेकस बिडियोdo ladki ne ki randikhana ki shurwat maa bete ki akelapan sex storyWww.sex baba in hindi chuton ka samundar page 32.xxxNaukar se Paise dekar chudwaya videoxxx kahAni thakur pariwarMalvika sharma nude fucking sex baba katil.nigay.laga.photo.namarsex. baba. net. pege. 17मराठिसकसbhutsexy chudkar hu gandi galiभाभी और बहन को ट्रैन माय ३० आदमियो ने छोड़ा सेक्स स्टोरीSouth Indian, pizzas sexbabafaty anty dehati saya bloose sexsonarika bhadoria sexbaba xossip photoslulli fas kahaniraat ko sote time mummy ki chut me lund chipkayaఅబ్బా నొప్పి మెల్లిగా నొక్కుBiji ke fuddi ki aag bhujai